नवादा (बिहार) : नवादा में मध निषेध विभाग की कार्रवाई को लेकर जब बात हुई, तो तस्वीर काफी साफ नज़र आती है कि विभाग लगातार सख्ती के साथ काम कर रहा है। खुद उत्पाद अधीक्षक अरुण कुमार मिश्रा ने अपने दफ़्तर में बातचीत के दौरान इन आंकड़ों को साझा किया, जिससे पिछले तीन सालों की पूरी कहानी सामने आती है।
साल 2024 की बात करें तो इस दौरान विभाग ने अलग-अलग जगहों पर कुल 12,837 छापेमारी की। इन छापों के दौरान 7,637 मामले दर्ज किए गए। इनमें शराब बेचने वालों की संख्या 1,248 रही, जबकि पीने वालों की संख्या 6,613 थी। इसी साल कुल 7,861 लोगों को गिरफ्तार किया गया। अगर ज़ब्ती की बात करें तो 57,353.250 लीटर देसी शराब और 20,0691.400 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई, यानी कुल मिलाकर 78,044.650 लीटर शराब जब्त की गई। इसके अलावा कार्रवाई के दौरान 483 वाहन भी ज़ब्त किए गए।

इसके बाद साल 2025 में छापेमारी की संख्या और बढ़ गई। इस साल विभाग ने कुल 19,858 जगहों पर छापेमारी की। हालांकि इस दौरान दर्ज मामलों की संख्या 4,427 रही, जो पिछले साल से कम थी। इनमें 1,355 लोग शराब बेचते हुए पकड़े गए, जबकि 3,277 लोग पीते हुए मिले। कुल गिरफ्तारी की संख्या 4,632 रही। ज़ब्ती के आंकड़े देखें तो 86,337.020 लीटर देसी शराब और 15,478.955 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई। इस तरह कुल 1,01,815.975 लीटर शराब जब्त की गई। वहीं 545 वाहन भी विभाग ने अपने कब्जे में लिए।
अब साल 2026 की बात करें, तो 31 मार्च 2026 तक के आंकड़े भी सामने आए हैं। इस अवधि में कुल 9,748 छापेमारी की गई, जिसमें 1,499 मामले दर्ज हुए। इनमें 324 लोग शराब बेचते हुए पकड़े गए, जबकि 1,121 लोग पीते हुए पाए गए। कुल 1,445 गिरफ्तारियां हुईं। ज़ब्ती के दौरान 23,287.95 लीटर देसी शराब और 9,034.275 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई, यानी कुल 32,322.225 लीटर शराब जब्त हुई। इसके साथ ही 136 वाहन भी ज़ब्त किए गए।
इन तीन सालों के आंकड़ों को देखें तो साफ है कि नवादा में मध निषेध विभाग लगातार कार्रवाई कर रहा है और हर साल अलग-अलग स्तर पर सख्ती बनाए रखी गई है।
रिपोर्ट : अजय कुमार पाण्डेय.
