गया (बिहार): प्राचीन और ऐतिहासिक नगर गयाजी की प्रमुख सड़कों, चौक-चौराहों पर नित्य जाम की समस्या से आमजन त्रस्त हैं। स्कूल जाने वाले बच्चों, सरकारी कार्यालयों में कार्यरत कर्मचारियों, मरीजों, बुज़ुर्गों, महिलाओं और राहगीरों को रोज़ाना भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि ट्रैफिक पुलिस जाम सुलझाने के बजाय मोटरसाइकिल चालकों को पकड़ने में अधिक व्यस्त रहती है। कई स्थानों पर तो पुलिसकर्मी धूप से बचने के लिए छाया में बैठकर मोबाइल में व्यस्त नजर आते हैं।
बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रदेश प्रतिनिधि सह प्रवक्ता विजय कुमार मिट्ठू, पूर्व विधायक मोहम्मद खान अली, गया ज़िला युवा कांग्रेस अध्यक्ष विशाल कुमार, जिला उपाध्यक्ष बाबूलाल प्रसाद सिंह, सेवादल अध्यक्ष अमित कुमार सिंह उर्फ रिंकू सिंह, महिला कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. पिंकी कुमारी समेत कई नेताओं ने कहा कि कांग्रेस और युवा कांग्रेस कार्यकर्ता बीते कई महीनों से लगातार धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं।
नेताओं ने कहा कि गयाजी अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर अपनी ऐतिहासिक पहचान रखता है, लेकिन जाम की स्थिति ने इसकी छवि को धूमिल कर दिया है। समाहरणालय तीनमुहाने, कोतवाली चौक, गांधी मैदान के उत्तर, किरानी घाट सिक्स लेन पुल, जीबी रोड, धामिटोला, प्रधान डाकघर, केदारनाथ मार्केट, गया कॉलेज मोड़, मिर्जा ग़ालिब कॉलेज तीनमुहानी समेत शहर के दर्जनों इलाकों में हर दिन जाम लगा रहता है।
नेताओं ने यह भी बताया कि कुछ महीने पहले खबर आई थी कि बिहार सरकार गया समेत चार शहरों में ट्रैफिक लाइट और सीसीटीवी कैमरे लगाने की योजना बना रही है। कैबिनेट से पास होने के बावजूद आज तक कोई कार्यवाही नहीं हुई है।
स्थानीय प्रशासन को कांग्रेस पार्टी द्वारा कई बार ज्ञापन दिए जाने के बावजूद जमीनी स्तर पर सुधार नहीं हो पाया है। कांग्रेस नेताओं ने सरकार से मांग की है कि जल्द से जल्द शहर में ट्रैफिक प्रबंधन को मजबूत किया जाए।
रिपोर्ट: विश्वनाथ आनंद.