औरंगाबाद, 7 सितंबर 2026। आगामी 12 सितंबर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर औरंगाबाद में जागरूकता अभियान शुरू किया गया है। आम लोगों को लोक अदालत के फायदे और प्रक्रिया की जानकारी देने के उद्देश्य से दक्षिण बिहार ग्रामीण बैंक की ओर से जागरूकता रथ निकाला गया।
जागरूकता रथ को प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, औरंगाबाद राजीव रंजन कुमार ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत आम नागरिकों को विवादों के त्वरित, सुलभ और प्रभावी समाधान का अवसर देती है।
उन्होंने कहा कि लोक अदालत में पक्षकार आपसी सहमति, सुलह और समझौते के आधार पर अपने योग्य मामलों का निस्तारण करा सकते हैं। इससे लोगों के समय और धन की बचत होती है और लंबे समय तक चलने वाली न्यायिक प्रक्रिया से भी राहत मिलती है।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने कहा कि लोक अदालत का उद्देश्य केवल लंबित मामलों को कम करना नहीं है, बल्कि विवादों के शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण समाधान को बढ़ावा देना भी है। आपसी सहमति से विवाद सुलझने पर दोनों पक्षों के बीच संबंध और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने में भी मदद मिलती है।
उन्होंने बैंकिंग और वित्तीय मामलों में लोक अदालत की उपयोगिता का भी उल्लेख किया। बैंक ऋण, बकाया राशि और अन्य योग्य बैंकिंग विवादों का समाधान संबंधित पक्षकार आपसी सहमति के आधार पर लोक अदालत के माध्यम से करा सकते हैं।
दक्षिण बिहार ग्रामीण बैंक की ओर से निकाला गया जागरूकता रथ जिले के अलग-अलग इलाकों में जाकर लोगों को राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में जानकारी देगा। खास तौर पर ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले बैंक ग्राहकों को लोक अदालत के माध्यम से विवादों के समाधान की प्रक्रिया और इसके लाभों के बारे में बताया जाएगा।
राजीव रंजन कुमार ने आम लोगों से अपील की कि वे अपने विवादों को अनावश्यक रूप से लंबा न खींचें और जहां संभव हो, आपसी सहमति एवं समझौते के जरिए समाधान की ओर कदम बढ़ाएं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत आम नागरिकों के लिए विवादों के शीघ्र और सरल समाधान का एक महत्वपूर्ण अवसर है।
उन्होंने राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाने के लिए न्यायपालिका, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, बैंकिंग संस्थानों, अधिवक्ताओं, प्रशासनिक अधिकारियों और आम नागरिकों की सामूहिक भागीदारी को जरूरी बताया। व्यापक जागरूकता के जरिए अधिक से अधिक योग्य मामलों को लोक अदालत में लाकर उनका निस्तारण कराया जा सकता है।
इस अवसर पर जिला विधिज्ञ संघ, औरंगाबाद के सचिव जगनारायण सिंह और क्षेत्रीय प्रबंधक रवि रंजन सिंह सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
जागरूकता रथ जिले के विभिन्न क्षेत्रों में भ्रमण करते हुए लोगों को राष्ट्रीय लोक अदालत के उद्देश्य, प्रक्रिया और लाभों की जानकारी देगा। साथ ही बैंक से जुड़े योग्य मामलों के पक्षकारों को आपसी सहमति और समझौते के माध्यम से विवादों का जल्द समाधान कराने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद ने भी आम नागरिकों से 12 सितंबर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने की अपील की है, ताकि योग्य मामलों का त्वरित और सौहार्दपूर्ण समाधान कराया जा सके।
संदेश: विवाद नहीं, समाधान की ओर—राष्ट्रीय लोक अदालत
12 सितंबर 2026 — राष्ट्रीय लोक अदालत
रिपोर्ट : अजय कुमार पाण्डेय.
