₹650 करोड़ के कथित स्वास्थ्य घोटाले पर दिल्ली की सियासत गरमाई
दिल्ली विधानसभा का मानसून सत्र शुरू होते ही सदन में राजनीतिक गर्मी बढ़ गई। आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायकों ने स्वास्थ्य विभाग में कथित ₹650 करोड़ की अनियमितताओं को लेकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। विपक्षी सदस्यों ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से इस्तीफे की मांग की।
AAP नेताओं का आरोप है कि स्वास्थ्य विभाग में दवाओं और मेडिकल उपकरणों की खरीद प्रक्रिया में गंभीर गड़बड़ियां हुई हैं। पार्टी ने इस मामले को जनता के स्वास्थ्य और सरकारी धन से जुड़ा बड़ा मुद्दा बताते हुए विधानसभा में आवाज उठाई।
विधानसभा में लगे नारे, पोस्टर दिखाकर जताया विरोध
रिपोर्टों के अनुसार, विरोध प्रदर्शन के दौरान AAP विधायकों ने सदन में नारे लगाए और कथित स्वास्थ्य घोटाले से जुड़े पोस्टर भी प्रदर्शित किए। विरोध करने वाले विधायकों में संजीव झा, सोम दत्त, विशेष रवि, कुलदीप कुमार और जरनैल सिंह के नाम सामने आए।
AAP विधायकों ने आरोप लगाया कि स्वास्थ्य क्षेत्र में जनता के पैसों का गलत इस्तेमाल हुआ है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। पार्टी नेताओं ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की सरकार को घेरते हुए जवाबदेही तय करने की मांग की।
हंगामे के बाद विधानसभा की कार्यवाही प्रभावित
विरोध प्रदर्शन के कारण विधानसभा की कार्यवाही प्रभावित हुई। सदन में लगातार नारेबाजी और हंगामे के बाद अध्यक्ष को कार्यवाही कुछ समय के लिए स्थगित करनी पड़ी।
विधानसभा में हुए इस घटनाक्रम ने एक बार फिर दिल्ली की राजनीति में बढ़ते टकराव को सामने ला दिया है। सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ही एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं।
BJP और AAP आमने-सामने
इस मामले को लेकर BJP और AAP के बीच तीखी राजनीतिक बहस देखने को मिल रही है। BJP का कहना है कि पिछली AAP सरकार के कार्यकाल में कई विभागों में अनियमितताओं के आरोप सामने आए थे। वहीं AAP ने मौजूदा BJP सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है।
AAP नेताओं का कहना है कि स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र में किसी भी प्रकार की वित्तीय गड़बड़ी जनता के साथ अन्याय है। दूसरी ओर, सरकार की ओर से आरोपों का जवाब देते हुए जांच और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की बात कही गई है।
जांच के बाद ही साफ होगी पूरी तस्वीर
₹650 करोड़ के कथित स्वास्थ्य खरीद मामले को लेकर जांच प्रक्रिया जारी है। जांच एजेंसियां खरीद प्रक्रिया, अधिकारियों की भूमिका और संबंधित दस्तावेजों की जांच कर रही हैं।
राजनीतिक आरोपों के बीच यह जरूरी है कि अंतिम निष्कर्ष जांच रिपोर्ट और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर ही निकाला जाए। फिलहाल यह मामला दिल्ली की राजनीति में एक बड़ा मुद्दा बन चुका है और आने वाले दिनों में इसके और गहराने की संभावना है।
निष्कर्ष
दिल्ली विधानसभा में स्वास्थ्य विभाग से जुड़े कथित ₹650 करोड़ के मामले को लेकर AAP और BJP के बीच राजनीतिक संघर्ष तेज हो गया है। विपक्ष सरकार से जवाब मांग रहा है, जबकि सरकार जांच और तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ने की बात कर रही है। अब सभी की नजरें जांच की अगली कार्रवाई और उसके परिणामों पर हैं।
रिपोर्ट : इस्मा टाइम्स न्यूज़ डेस्क.
