हिंदी दिवस पर आत्ममंथन की जरूरत, वक्ताओं ने कहा- हिंदी को मिले उसका उचित स्थान
बिहार में हिंदी दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में वक्ताओं ने हिंदी की स्थिति, शिक्षा में उसके महत्व और भाषा को उचित स्थान दिलाने के लिए आत्ममंथन की जरूरत पर जोर दिया।
बिहार में हिंदी दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में वक्ताओं ने हिंदी की स्थिति, शिक्षा में उसके महत्व और भाषा को उचित स्थान दिलाने के लिए आत्ममंथन की जरूरत पर जोर दिया।
Ajay Vishwakarma celebrates Hindi Diwas in Jehanabad, Bihar, emphasizing that Hindi is not just a language but a symbol of culture, pride, and national unity.