औरंगाबाद (बिहार) के नगर परिषद क्षेत्र, डेहरी ऑन सोन स्थित डालमियानगर के कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार की हत्या के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। इस हाई-प्रोफाइल और संवेदनशील मामले की तह तक पहुंचने के लिए पुलिस अधीक्षक औरंगाबाद उपेंद्र नाथ वर्मा के नेतृत्व में सात सदस्यीय विशेष अनुसंधान दल (एसआईटी) का गठन किया गया है।
एसआईटी में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (सदर-02) आदित्य कुमार, पुलिस निरीक्षक परवेज अली (अंचल पुलिस निरीक्षक, कैंप बारुण), पुलिस निरीक्षक एवं थानाध्यक्ष बारुण रंजीत कुमार, पुलिस निरीक्षक अनिल कुमार दुबे (अंचल पुलिस निरीक्षक, डेहरी), पुलिस निरीक्षक एवं थानाध्यक्ष नगर थाना डेहरी राहुल कुमार, पुलिस अवर निरीक्षक चंद्रहास कुमार (प्रभारी, जिला आसूचना इकाई, औरंगाबाद) तथा पुलिस अवर निरीक्षक राजकुमार यादव (प्रभारी, जिला आसूचना इकाई, डेहरी, रोहतास) को शामिल किया गया है।
दिनांक 03 अगस्त 2026 को इस हत्याकांड की आगे की जांच को लेकर विशेष अनुसंधान दल के साथ समीक्षा बैठक की गई। बैठक में सभी सदस्यों को तकनीकी जांच के जरिए साक्ष्य जुटाने के निर्देश दिए गए। इसके तहत मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर), आईपीडीआर और अन्य तकनीकी माध्यमों से अहम सुराग इकट्ठा करने पर विशेष जोर दिया गया।
साथ ही जांच के दौरान सामने आने वाले संभावित संदिग्धों से पूछताछ करने और तकनीकी जांच में मिले साक्ष्यों के आधार पर संभावित ठिकानों पर तत्काल छापेमारी एवं सर्च अभियान चलाने का भी निर्देश दिया गया है।
गौरतलब है कि नगर परिषद डेहरी, डालमियानगर के कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार की हत्या बारुण थाना क्षेत्र में हुई थी।
मामले की गंभीरता, संवेदनशीलता और अज्ञात आरोपियों की संलिप्तता की संभावना को देखते हुए पुलिस महानिरीक्षक, मगध क्षेत्र, गया विकास वैभव के निर्देशन में पुलिस अधीक्षक औरंगाबाद के नेतृत्व में सात सदस्यीय विशेष अनुसंधान दल का गठन किया गया है।
रिपोर्ट :अजय कुमार पाण्डेय.
