गया, बिहार, 9 सितंबर 2026: गया जी शहर के घुघड़ीटांड बाईपास स्थित आईटीआई और पॉलिटेक्निक संस्थान के सामने बिहार राज्य खादी बोर्ड की खाली पड़ी जमीन पर खादी और सूती कपड़ों के लिए बहुमंजिला मॉल बनाने की मांग उठी है। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार से इस दिशा में जल्द पहल करने की अपील की है।
मांग करने वालों में बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रदेश प्रतिनिधि विजय कुमार मिट्ठू, पूर्व विधायक मोहम्मद खान अली, जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष बाबूलाल प्रसाद सिंह, राम प्रमोद सिंह, इंटक जिला महासचिव टिंकू गिरी, जमुना लाल पटवा और टेकलाल तांती सहित अन्य नेता शामिल रहे।
कांग्रेस नेताओं का कहना है कि गया का मानपुर क्षेत्र सूती और हैंडलूम कपड़ों के लिए लंबे समय से जाना जाता है। इसके अलावा गया में ग्राम निर्माण मंडल की गतिविधियों के कारण खादी और सूती वस्त्रों का भी यहां पुराना जुड़ाव रहा है। ऐसे में खादी और सूती कपड़ों के लिए एक बड़े और व्यवस्थित व्यवसायिक केंद्र की जरूरत महसूस की जा रही है।
नेताओं ने बताया कि वर्ष 2024 में तत्कालीन जिला अधिकारी त्यागराजन ने बिहार राज्य खादी बोर्ड की जमीन पर सूती कपड़ा मॉल बनाने की घोषणा की थी। हालांकि, उनके मुताबिक अब तक इस परियोजना पर निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है।
कांग्रेस नेताओं ने खादी बोर्ड की जमीन की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई। उनका आरोप है कि कई स्थानों पर खादी बोर्ड की जमीन की चाहरदीवारी तोड़कर स्थानीय लोगों द्वारा जमीन पर कब्जा करने का सिलसिला जारी है। उन्होंने सरकार से जमीन को सुरक्षित करने और प्रस्तावित परियोजना को जल्द आगे बढ़ाने की मांग की।
उनका कहना है कि यदि यहां खादी-सूती वस्त्रों के लिए बहुमंजिला मॉल का निर्माण होता है तो क्षेत्र के हजारों बुनकरों, पटवा और तांती समाज से जुड़े लोगों को इसका लाभ मिल सकता है। एक ही स्थान पर कपड़ों की बिक्री और कारोबार के लिए व्यवस्थित बाजार विकसित होने से स्थानीय व्यवसाय को बढ़ावा मिलने के साथ लोगों की आमदनी में भी वृद्धि की उम्मीद है।
रिपोर्ट : विश्वनाथ आनंद.
