औरंगाबाद, बिहार, 29 सितंबर 2026: जिला मुख्यालय के ब्लॉक मोड़ के समीप स्थित सम्राट अशोक भवन में मंगलवार को दी औरंगाबाद सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड की आमसभा आयोजित की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला पदाधिकारी श्रीमती अभिलाषा शर्मा मौजूद रहीं। इस दौरान बैंक के कामकाज, सहकारिता व्यवस्था, धान अधिप्राप्ति और पैक्स से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई।
दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत
कार्यक्रम का उद्घाटन जिला पदाधिकारी अभिलाषा शर्मा ने मंच पर मौजूद अतिथियों के साथ दीप प्रज्वलित कर किया। इसके बाद बैंक के चेयरमैन संतोष सिंह ने जिला पदाधिकारी को शॉल, देव स्थित सूर्य मंदिर के प्रतीक चिह्न और पौधा देकर सम्मानित किया।
मंच पर मौजूद अन्य गणमान्य लोगों को भी क्रमवार सम्मानित किया गया। स्वागत भाषण बैंक निदेशक सह व्यापार मंडल अध्यक्ष महेश्वर प्रसाद सिंह ने संस्कृत श्लोक के साथ शुरू किया। इस दौरान उन्होंने साहित्यकार रामधारी सिंह दिनकर की कविता भी प्रस्तुत की।
सहकारिता को ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए बताया अहम
अपने संबोधन में महेश्वर प्रसाद सिंह ने सहकारिता के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था और किसानों के हित में सहकारिता व्यवस्था को मजबूत करना जरूरी है।
उन्होंने जिला पदाधिकारी के सहयोग और मार्गदर्शन के लिए आभार जताया। साथ ही बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी द्वारा धान अधिप्राप्ति के लक्ष्य को 35 हजार टन से बढ़ाकर 50 हजार टन किए जाने का उल्लेख करते हुए उन्हें बधाई दी।

डीएम ने वित्तीय स्थिति मजबूत करने पर दिया जोर
जिला पदाधिकारी अभिलाषा शर्मा ने कहा कि ग्रामीण विकास में सहकारिता विभाग की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने बैंक और सहकारिता व्यवस्था की वित्तीय स्थिति को मजबूत करने को सभी की जिम्मेदारी बताया।
उन्होंने कहा कि पात्र लाभुकों तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचना जरूरी है। डीएम के अनुसार, औरंगाबाद जिले में अगस्त तक धान की रोपनी का लक्ष्य 100 प्रतिशत रहा। शुरुआती दौर में बारिश कम हुई थी, लेकिन बाद में पर्याप्त बारिश होने से स्थिति में सुधार हुआ।
उन्होंने यह भी कहा कि जिले ने धान अधिप्राप्ति के निर्धारित लक्ष्य को पूरा किया है और अगले वर्ष भी बेहतर लक्ष्य रहने की उम्मीद है।
भुगतान और विसंगतियों को लेकर भी दिया आश्वासन
डीएम ने कहा कि विभागीय लक्ष्य और संस्थान की प्रतिष्ठा को ध्यान में रखते हुए कई बार उन्हें कड़ा रुख अपनाना पड़ा। यदि इस दौरान किसी को बुरा लगा हो तो उसे व्यक्तिगत रूप से न लेने की बात कही।
उन्होंने बताया कि राशि भुगतान की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और संबंधित राशि उपलब्ध हो गई है। साथ ही कई विसंगतियों को दूर किए जाने की जानकारी दी। सहकारिता विभाग की राशि पर ब्याज कम करने की मांग को लेकर उन्होंने उच्च स्तर पर बातचीत करने का आश्वासन भी दिया।
पैक्स अध्यक्षों की समस्याओं पर मंच से उठी आवाज
कार्यक्रम में डीएम के जाने के बाद एक वक्ता गणेश जी ने पैक्स अध्यक्षों से जुड़े कई मुद्दे मंच से उठाए। उन्होंने ऑडिट संबंधी समस्याओं और सरकारी नीतियों के कारण पैक्स अध्यक्षों को होने वाली परेशानियों का जिक्र किया।
उन्होंने पैक्स को सहकारिता व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी बताते हुए उसके संरक्षण की जरूरत पर जोर दिया। अपने संबोधन में उन्होंने प्रबंध निदेशक की ओर से कार्रवाई की चेतावनी का भी उल्लेख किया और कहा कि पैक्स से जुड़े मामलों में संवाद और समाधान का रास्ता अपनाया जाना चाहिए।
उन्होंने उत्तर प्रदेश में सहकारिता से जुड़े प्रबंधकों के कथित कार्य बहिष्कार का भी उल्लेख किया और चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो यहां भी विरोध का रास्ता अपनाया जा सकता है।
NPA को लेकर चेयरमैन से पूछे गए सवाल
कार्यक्रम के बाद मीडिया कर्मियों ने बैंक के चेयरमैन संतोष सिंह से आमसभा में उठे मुद्दों को लेकर सवाल किया। उनसे बैंक की कथित कमियों और उनके समाधान के बारे में पूछा गया।
चेयरमैन ने कहा कि बैंक की खामियों को दूर किया गया है। उन्होंने कहा कि जो छोटी-मोटी समस्याएं अभी शेष हैं, उन्हें उच्च स्तर तक पहुंचाकर समाधान कराने का प्रयास किया जाएगा।
इसके बाद उनसे बैंक के बढ़ते NPA (Non-Performing Assets) को लेकर भी सवाल किया गया। उनसे पूछा गया कि केवल ऋण वितरण ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि समय पर ऋण की वसूली भी जरूरी है, ताकि बैंक जरूरतमंद लोगों को आगे भी ऋण उपलब्ध करा सके।
चेयरमैन ने इस सवाल के जवाब में बैंक का पक्ष रखते हुए कहा कि स्थिति ऐसी नहीं है जैसी बताई जा रही है।
आमसभा में कई अधिकारी और पैक्स अध्यक्ष रहे मौजूद
कार्यक्रम में जिला पदाधिकारी अभिलाषा शर्मा के अलावा जिला आपूर्ति पदाधिकारी श्वेतांक लाल, को-ऑपरेटिव बैंक के प्रबंध निदेशक राघवेंद्र दयाल, जिला सहकारिता पदाधिकारी राजीव कुमार यादव, पूर्व अध्यक्ष संजय कुमार सिंह, बैंक निदेशक सह व्यापार मंडल अध्यक्ष महेश्वर प्रसाद सिंह, बैंक उपाध्यक्ष श्रीराम शर्मा, चेयरमैन संतोष सिंह, अनिल कुमार सहित जिले के पैक्स अध्यक्ष मौजूद रहे।
आमसभा में सहकारिता व्यवस्था को मजबूत करने, वित्तीय अनुशासन बनाए रखने और पैक्स से जुड़े मुद्दों के समाधान पर विशेष जोर देखने को मिला।
नोट: NPA और अन्य वित्तीय मुद्दों से जुड़े आरोप/दावे संबंधित वक्ताओं के बयानों के रूप में रखे गए हैं; उपलब्ध सामग्री के आधार पर उनका स्वतंत्र वित्तीय सत्यापन नहीं किया गया है।
रिपोर्ट : अजय कुमार पाण्डेय.
