क्या राजनीति में बदलाव की आहट है? प्रशांत किशोर की बांकीपुर जीत से उठे नए सवाल
प्रशांत किशोर की बांकीपुर जीत ने बिहार और देश की राजनीति में नए सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या यह बदलाव की शुरुआत है या सिर्फ एक चुनावी संकेत? जानिए पूरी कहानी।
प्रशांत किशोर की बांकीपुर जीत ने बिहार और देश की राजनीति में नए सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या यह बदलाव की शुरुआत है या सिर्फ एक चुनावी संकेत? जानिए पूरी कहानी।
बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव 2026 में जनसुराज के प्रशांत किशोर की जीत और भाजपा प्रत्याशी की हार के बाद बिहार की राजनीति में नई चर्चा शुरू हो गई है। जानिए इस चुनावी नतीजे को लेकर सामने आ रहे दावे, राजनीतिक प्रतिक्रियाएं और लोगों के बीच चल रही चर्चाएं।
औरंगाबाद में राजद सांसद अभय कुमार कुशवाहा ने कार्यालय सह आवासीय परिसर का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने जनता से जुड़ी सुविधाओं, विपक्ष के आरोपों, प्रशांत किशोर, भाजपा, एनडीए सरकार, बेरोजगारी, अपराध, पलायन और लालू-तेजस्वी यादव को लेकर विस्तार से अपनी बात रखी।
जनसूराज पार्टी ने रफीगंज के पूर्व प्रत्याशी बबलू सिंह को औरंगाबाद संसदीय क्षेत्र का चुनाव प्रभारी बनाया।
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के बाद पहली बार औरंगाबाद पहुंचे प्रशांत किशोर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। बैठक, राजनीतिक बयान और पत्रकारों के सवालों से पहले ही निकलने की घटना चर्चा में रही।