औरंगाबाद, बिहार | 2 अक्टूबर 2026: गांधी जयंती के अवसर पर शुक्रवार को औरंगाबाद के ब्लॉक मोड़ स्थित सम्राट अशोक भवन में जनता दल यूनाइटेड की ओर से ‘जीविका के 20 साल, बेमिसाल’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जीविका दीदियों के साथ जदयू के नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कार्यक्रम में रफीगंज विधानसभा क्षेत्र संख्या-224 के जदयू विधायक एवं समाजसेवी प्रमोद कुमार सिंह, जदयू जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार सिंह उर्फ गुड्डू सिंह, युवा जदयू जिलाध्यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ राजा बाबू, जिला प्रवक्ता रवि सिंह राजपूत, पूर्व चेयरमैन प्रत्याशी संगीता प्रसाद, वरिष्ठ नेता विश्वनाथ प्रसाद सिंह और जदयू नेत्री नीतू सिंह समेत कई नेता एवं कार्यकर्ता शामिल हुए।
विधायक प्रमोद कुमार सिंह ने नीतीश कुमार को दिया श्रेय
कार्यक्रम के दौरान संवाददाता ने विधायक प्रमोद कुमार सिंह से जीविका और महिला सशक्तिकरण को लेकर सवाल किया। जवाब में उन्होंने कहा कि जदयू की ओर से यह कार्यक्रम पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के निर्देशन में आयोजित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2006 के बाद बिहार में महिलाओं की स्थिति में काफी बदलाव आया है। उनके मुताबिक महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने और समाज में उनके मान-सम्मान में वृद्धि का श्रेय नीतीश कुमार को जाता है।
प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि कार्यक्रम में पार्टी की महिला पदाधिकारियों और वरिष्ठ नेताओं के साथ बड़ी संख्या में जीविका दीदियां शामिल हुईं। उन्होंने कहा कि पिछले दो दशकों में महिलाओं को अपनी पहचान बनाने और आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिला है और इसी उपलब्धि को रेखांकित करने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया।
जदयू की मजबूती पर राजीव रंजन सिंह ने दिया जवाब
कार्यक्रम में मौजूद जदयू के युवा जिलाध्यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ राजा बाबू से भी पार्टी की मौजूदा स्थिति को लेकर सवाल किया गया। सवाल के दौरान पूर्व जदयू विधायक एवं पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक कुमार सिंह के उस बयान का उल्लेख किया गया, जिसमें उन्होंने पार्टी के कमजोर होने और जिला मुख्यालय में पार्टी कार्यालय तथा झंडे को लेकर सवाल उठाए थे।
अशोक कुमार सिंह वर्ष 2010 और 2015 में रफीगंज विधानसभा सीट से जदयू के टिकट पर विधायक रह चुके हैं। वर्ष 2020 के विधानसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। अब उनके 4 अक्टूबर को राष्ट्रीय जनता दल में शामिल होने की चर्चा के संदर्भ में भी राजीव रंजन सिंह से सवाल किया गया।
राजीव रंजन सिंह ने कहा कि अशोक कुमार सिंह पहले जदयू के विधायक रहे हैं, लेकिन अब वह राजद में शामिल होने जा रहे हैं। इसलिए उनके द्वारा विपक्ष की भाषा में बयान देना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि इस पर वह कोई टिप्पणी नहीं करना चाहते।
जदयू युवा जिलाध्यक्ष ने पार्टी कार्यालय को लेकर कहा कि जिला मुख्यालय में कलेक्ट्रेट के सामने आज भी जदयू का जिला कार्यालय मौजूद है। उन्होंने कहा कि वहां झंडोतोलन भी हुआ है और जिले के विभिन्न स्थानों पर पार्टी का झंडा भी दिखाई देता है। उनके अनुसार, जदयू औरंगाबाद जिले में मजबूत स्थिति में है।
रमेश चौक पर वाम दलों का प्रदर्शन
इधर, गांधी जयंती के अवसर पर औरंगाबाद के रमेश चौक पर भाकपा माले और सीपीआई (एम) की ओर से संयुक्त रूप से प्रदर्शन और नुक्कड़ सभा का आयोजन किया गया।
इस कार्यक्रम में काराकाट लोकसभा क्षेत्र के इंडिया गठबंधन समर्थित माले सांसद राजाराम सिंह भी शामिल हुए। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा।
चुनाव आयोग को लेकर राजाराम सिंह का हमला
राजाराम सिंह ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार भाजपा के इशारे पर काम कर रहे हैं। उन्होंने एसआईआर के माध्यम से मतदाता सूची में कथित गड़बड़ी किए जाने और बड़ी संख्या में लोगों के नाम हटाए जाने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के कामकाज की जांच होनी चाहिए और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने इसे लेकर आंदोलन जारी रखने की बात भी कही।
राजाराम सिंह ने कहा कि जब तक मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज नहीं होती और उन्हें जेल नहीं भेजा जाता, तब तक उनका धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा। उन्होंने दावा किया कि इस मुद्दे पर इंडिया गठबंधन के सभी सहयोगी दल एकजुट हैं।
रिपोर्ट : अजय कुमार पाण्डेय.
